जयपुर, 25 दिसंबर।
राज्यपाल हरिभाऊ बागडे की ओर से गुरुवार को अजमेर स्थित विश्वविख्यात गरीब नवाज ख्वाजा मोईनुद्दीन चिश्ती की दरगाह पर श्रद्धा और आस्था के साथ चादर पेश की गई।
लोक भवन में पदस्थापित राजस्थान प्रशासनिक सेवा के अधिकारी एवं नियंत्रक हाउस होल्ड शरद तिवारी ने अजमेर पहुंचकर राज्यपाल की ओर से दरगाह में जियारत की तथा चादर चढ़ाई।
ख्वाजा साहब के सालाना उर्स के अवसर पर राज्यपाल हरिभाऊ बागडे का संदेश भी पढ़कर सुनाया गया। अपने संदेश में उन्होंने महान सूफी संत ख्वाजा मोईनुद्दीन हसन चिश्ती के अमन, शांति और इंसानियत के पैगाम को जन-जन तक पहुंचाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि ख्वाजा साहब का उर्स “एक भारत–श्रेष्ठ भारत” की भावना और सर्वधर्म सद्भाव की हमारी संस्कृति से जुड़ा हुआ है।
राज्यपाल ने कहा कि पीर-पैगम्बरों के उदात्त जीवन मूल्य, मानवीय चिंतन और करुणा से भरी शिक्षाएं भारतीय संस्कृति को महान बनाती हैं। उन्होंने समाज को ख्वाजा साहब की शिक्षाओं से प्रेरणा लेने का संदेश दिया।
अपने संदेश में उन्होंने ख्वाजा साहब को गरीब नवाज बताते हुए कहा कि वंचित और गरीब वर्ग का कल्याण ही हम सबकी प्राथमिकता होनी चाहिए। उन्होंने ख्वाजा मोईनुद्दीन चिश्ती के वार्षिक उर्स की बधाई और शुभकामनाएं देते हुए प्रदेशवासियों के सुख, शांति और खुशहाल जीवन की कामना की।
इससे पूर्व लोक भवन, जयपुर में राज्यपाल हरिभाऊ बागडे ने अजमेर दरगाह के लिए चादर सौंपी।

