जयपुर, 18 जनवरी 2026।
कोग्निवेरा आईटी सॉल्यूशंस और राजस्थान पोलो क्लब के सहयोग से आयोजित होने जा रहा कोग्निवेरा पोलो कप 2026 पोलो जगत में इतिहास रचने के लिए तैयार है। जयपुर में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान इस प्रतिष्ठित टूर्नामेंट की ट्रॉफी का अनावरण किया गया, जो लगभग सात फीट ऊँचाई के साथ दुनिया की अब तक की सबसे ऊँची और सबसे बड़ी पोलो ट्रॉफी है।
यह ट्रॉफी चेन्नई के कोलांका कप द्वारा स्थापित छह फीट ऊँचाई के पूर्व रिकॉर्ड को पीछे छोड़ते हुए पोलो खेल में भव्यता, गौरव और प्रतिष्ठा का नया मानक स्थापित करती है। ट्रॉफी न केवल उत्कृष्टता और महत्वाकांक्षा का प्रतीक है, बल्कि पोलो की समृद्ध विरासत के प्रति सम्मान को भी दर्शाती है। इस अवसर पर जयपुर के महाराजा सवाई पद्मनाभ सिंह की गरिमामयी उपस्थिति रही।
भारत के पोलो कैलेंडर के सबसे प्रतीक्षित आयोजनों में शामिल यह 8-गोल अंतरराष्ट्रीय पोलो टूर्नामेंट 26 जनवरी से शुरू होकर 1 फरवरी 2026 को भव्य फाइनल के साथ संपन्न होगा। टूर्नामेंट में भारत सहित विश्व की शीर्ष पोलो टीमें और बेहतरीन घोड़े भाग लेंगे। प्रतियोगिता लीग एवं नॉकआउट प्रारूप में खेली जाएगी और जयपुर के विभिन्न ऐतिहासिक पोलो मैदानों में रोमांचक मुकाबले देखने को मिलेंगे।
इस अवसर पर कोग्निवेरा आईटी सॉल्यूशंस के मैनेजिंग डायरेक्टर एवं सीईओ कमलेश शर्मा ने कहा कि पोलो सटीकता, अनुशासन और टीमवर्क का खेल है, जो कोग्निवेरा के मूल मूल्यों से मेल खाता है। उन्होंने कहा कि कोग्निवेरा पोलो कप केवल एक खेल प्रतियोगिता नहीं, बल्कि विरासत के उत्सव, खेल उत्कृष्टता और परंपरा व नवाचार के संगम का मंच है। दुनिया की सबसे ऊँची पोलो ट्रॉफी बनाने का निर्णय खेल की गरिमा को सम्मान देने और नए वैश्विक मानक स्थापित करने की सोच का परिणाम है।
जयपुर की ऐतिहासिक पृष्ठभूमि में आयोजित होने वाला यह प्रतिष्ठित आयोजन देश-विदेश के पोलो प्रेमियों, खेल विशेषज्ञों और संस्कृति प्रेमियों को आकर्षित करेगा तथा जयपुर को एलीट इक्वेस्ट्रियन स्पोर्ट्स के एक प्रमुख वैश्विक केंद्र के रूप में और मजबूत पहचान दिलाएगा।






